शामली। कोविड में बीमारीे पर उपचार को पानीपत हॉस्पिटल में एडमिट रहने के बावजूद मेडिक्ल क्लेम का दावा निरस्त करने पर जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग ने निजी बीमा कंपनी स्टार हेल्थ एंड एलाइड इंश्योरेंस कंपनी लिमिटेड शाखा शामली को बीमा धारक को 5,25,942 रुपए का भुगतान करने के आदेश दिए हैं। साथ ही अनुचित व्यापार व्यवहार हेतु बीमा कंपनी पर 25000 रुपए का अर्थदंड भी किया है।
ग्राम टिटौली निवासी राजकुमार वर्मा पुत्र शहजोर सिंह और सविता वर्मा पत्नी राजकुमार वर्मा हाल निवासी वार्ड 5 जैनपुरी, गढ़ीपुख्ता ने बीमा कंपनी स्टार हेल्थ एंड एलाइड इंश्योरेंस कंपनी लिमिटेड शाखा शामली के विरुद्ध वाद दायर कर कहा, कंपनी ने उनको भविष्य में होने वाले सभी मेडिकल खर्चों की भरपाई का विश्वास दिलाया उस पर विशवास करते हुए स्वयं व अपने पुत्र सार्थक वर्मा के लिए विपक्षी बीमा कंपनी से हेल्थ इंश्योरेंस लेने हेतु सभी कागजी कार्यवाही पूर्ण कराई और कंपनी ने प्रीमियम राशि लेकर उनको 19 अक्टूबर 2015 को एक फैमिली हेल्थ ऑप्टिमा इंश्योरेंस पॉलिसी जारी की। जिसके तहत परिवादीगण व उनके पुत्र सार्थक वर्मा को 5 लाख का हेल्थ कवर प्रदान किया गया। वे समय से उक्त पॉलिसी का रिनुअल कराते आ रहे हैं। बीमा कंपनी ने 26नवंबर 2020 से 25 नवंबर 2021 तक की अवधि के लिए जारी बीमा पॉलिसी में राजकुमार व उनके पुत्र को बोनस के रूप में 2,85,000 रुपए के अतिरिक्त रिस्क कवर के साथ कुल 7,85,000 रुपए का रिस्क कवर प्रदान किया गया तथा उक्त बीमा पॉलिसी के अंतर्गत परिवादीगण व उनके पुत्र को रिचार्ज बेनिफिट के रूप में 1,50,000 रुपए का अतिरिक्त रिस्क कवर भी दिया गया था।
कोरोना पेनडेमिक की दूसरी लहर के दौरान राजकुमार वर्मा को बुखार डिहाइड्रेशन व कमजोरी तथा उनकी पत्नी को बुखार ईपीआई पेन डिहाइड्रेशन कमजोरी सूखी खांसी व चेस्ट कंजेशन हो गया जिस कारण उन्होंने स्वयं को अनवर नर्सिंग होम में डॉक्टर खुर्शीद अनवर को दिखाया। डॉक्टर खुर्शीद अनवर ने परिवादीगण की हालत को देखते हुए तुरंत अपने हॉस्पिटल में एडमिट किया और जांच में उनको कोरोना पॉजिटिव पाया।
डॉक्टर खुर्शीद अनवर ने उनको 14 अप्रैल 2021 को ही आईवीएम हॉस्पिटल एंड ट्रॉमा सेंटर पानीपत रेफर कर दिया। वे पानीपत में 14 अप्रैल 2021 से 18 अप्रैल 2021 तक एडमिट रहे। अस्पताल में एडमिट होने की सूचना उन्होंने बीमा कंपनी को ईमेल के माध्यम से 15 अप्रैल 2021 को ही दे दी थी। बीमा कंपनी ने मेल में 11 जून 2021 के माध्यम से परिवादी-एक को सूचित किया गया कि आपका क्लेम मेडिकल रिकॉर्ड में विसंगति होने तथा तथ्यो का मिथ्या निरूपण किया जाने के करण रेपुडिएट किया गया है।
जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग के अध्यक्ष हेमंत कुमार गुप्ता तथा सदस्या अमरजीत कौर ने परिवाद स्वीकार करते हुए बीमा कंपनी को आदेश दिया कि परिवादीगण के इलाज में हुए खर्च 5,25,942 रुपए 15 अप्रैल 2021 से भुगतान की तिथि तक 6 प्रतिशत मय ब्याज की दर से परिवादी को भुगतान हेतु जिला आयोग में जमा करें तथा अनुचित व्यापार व्यवहार हेतु बीमा कंपनी पर मुबलिक 25000 रुपए का अर्थदंड भी किया है। अर्थदंड की धनराशि राजकोष में जमा की जाएगी।















